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सहायक शिक्षक सीधी भर्ती विवाद: न्यायालय ने बांध दिए हाथ, आखिर क्या करे सरकार…

2 months ago
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रायपुर। स्कूल शिक्षा विभाग में सहायक शिक्षक की सीधी भर्ती के मुद्दे पर एक ओर अभ्यर्थी आंदोलनरत हैं, तो दूसरी ओर विषय पर समय समय पर न्यायालय की ओर से दिए गए आदेशों की वजह से राज्य सरकार के हाथ बंध गए हैं. ऐसे में इस मुद्दे का हल निकालने के लिए बेहतर होगा कि नए सिरे से भर्ती परीक्षा आयोजित की जाए, जिसमें पुराने के साथ-साथ नए लोगों को भी मौका मिल सके.

यह सिलसिला 4 मई 2023 को स्कूल शिक्षा विभाग ने सहायक शिक्षक के 6285 पदों पर सीधी भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किए जाने के साथ शुरू हुआ था, जिस पर व्यापम ने 1 जुलाई 2023 को परीक्षा परिणाम जारी किया था. इसका वैधता अवधि एक वर्ष थी. इस दौरान बीएड डिग्रीधारी अभ्यर्थियों को सहायक शिक्षक पद की चयन प्रक्रिया से पृथक रखने के संबंध में न तो सर्वोच्च न्यायालय और न ही छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय ने कोई निर्देश जारी नहीं किया था.

सीधी भर्ती-2023 के तहत सहायक शिक्षक पद के प्रथम चार चरण के नियुक्ति प्रक्रिया के लिए कटऑफ रैंक में शामिल अभ्यर्थियों की सूचना पहली बार विभाग के वेबसाइट पर 8 सितंबर 23 को जारी की गई थी, वहीं चौथे चरण की सूचना 4 मार्च 2024 को जारी की गई थी. इसके बाद 2 अप्रैल 2024 को छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय ने दायर याचिका पर फैसला सुनाते हुए बीएड डिग्रीधारियों को सहायक शिक्षक पद पर के लिए अपात्र घोषित कर दिया.

जब तक उच्च न्यायालय का आदेश आता तब तक विभाग 5301 सहायक शिक्षकों की नियुक्ति कर चुका था, जिसमें 2621 सहायक शिक्षक बीएड अर्हताधारी थे. न्यायालय के निर्णय के बाद सहायक शिक्षक पद के आगामी चरण की भर्ती प्रक्रिया रोक दी गई. इसके बाद 1 जुलाई, 2024 को सीधी भर्ती 2023 के परीक्षा परिणामों की मूल वैधता अवधि भी समाप्त हो गई. इसके बाद 24 फरवरी 25 को आए उच्च न्यायालय के आदेश पर चयन सूची की वैधता 1 जुलाई, 2025 तक बढ़ाई गई थी.

इसके साथ ही उच्च न्यायालय के 2 अप्रैल 2024 के आदेश के परिपालन में विभाग ने सहायक शिक्षकों की पांचवें चरण की भर्ती प्रक्रिया मार्च–अप्रैल 2025 में की गई, जिसमें सेवा से हटाए गए 2621 अभ्यर्थियों के स्थान पर 2615 डीएड अर्हताधारी अभ्यर्थियों को शामिल किया गया. इनमें से 1316 अभ्यर्थी दस्तावेज सत्यापन में शामिल नहीं हुए अथवा अपात्र पाये गये. शेष 1299 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र जारी किया गया.

अब बड़ी बात यह है कि सीधी भर्ती 2023 के परीक्षा परिणामों की विस्तारित वैधता 1 जुलाई, 2025 को समाप्त हो चुकी है. इसके साथ सहायक शिक्षक पद के छठवें चरण की सूची जारी करने की मांग करने वाले आंदोलनकारी अभ्यर्थी मेरिट में निचले क्रम पर है, जिसकी वजह से इन्हें नियुक्ति का अवसर नहीं मिला है. यही नहीं इस मुद्दे पर अभ्यर्थियों की याचिका को न्यायालय ने भी खारिज कर दिया है. इन परिस्थितियों में सीधी भर्ती 2023 की प्रक्रिया समाप्त कर नवीन शिक्षक भर्ती परीक्षा आयोजित करना बेहतर होगा.

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